Homeopathy in Hindi | What is Homeopathy in Hindi ?

Homeopathy in Hindi : कोई कहता है Allopathy बहुत बढिया है | कोई कहता है Homeopathy बहुत बढिया है | कोई कहता है Ayurveda है ना बहुत बढिया है | जितने लोग उतनी ही बातें और Advises बहुत सारी लेकिन आपके लिए क्या ठीक है |

ये जानने के लिए ये पता होना बहुत जरूरी है कि Exactly तीनों क्या फर्क है क्या अंतर है और कौन सी चीज आपके लिए काम करेगी | इसीलिए हम आपको बताने वाले है कि Homeopathy क्या है ? और यह कैसे काम करती है ?

Homeopathy in Hindi
Homeopathy in Hindi

आपने इसका नाम तो जरूर ही सुना होगा और शायद आप ये भी जानते होंगे | कि Homeopathy में कडवी दवा की जगह मीठी मीठी गोलियां दी जाती है | Interesting बात है कि इनसे भी बीमारी का इलाज आसानी से हो जाता है | और जब बात बच्चों को दवा देने की हो तो Homeopathy की मीठी गोलियां भी दी जा सकती है | क्योंकि बच्चे Allopathy की कडवी दवाई और कैप्सूल तो लेते ही नही है |

ऐसे में बीते कुछ समय में Homeopathy का महत्व कुछ इतना बढ़ा है कि हर इन्सान किसी भी तरह का Treatment करवाने से पहले एक बार कि क्या उसे Allopathy का Option Choose करना चाहिए | या आयर्वेद का या होमियोपैथी का | और अगर आपको भी Homeopathy से जुडी सही जानकारी मिल जाये तो आपके लिए भी सही Option चुनना काफी आसान हो जायेगा |

इसीलिए आज इस आर्टिकल में हम आपके लिए Homeopathy से जुडी पूरी जानकारी जिसे पढने के बाद होमियोपैथी से जुडी सारे Doubts आपके Clear हो जायेंगे | और इस चिकित्सा पध्दति को समझना आपके लिए एकदम आसान हो जायेगा | तो चलिए सुरु करते है और जानते है कि Homeopathy in Hindi ? और यह Word कहाँ से आया |

Also Read : What is Generic Medicines ? | Generic Medicine क्या है ?

Homeopathy क्या है ? | Homeopathy in Hindi

Homeopathy एक वैकल्पिक चिकित्सा यानि कि Alternative Medicine है | इसका Origin भले ही Western World में हुआ लेकिन आज पूरी दुनियां में Homeopathy दवा ली जाती है | और भारत में भी इसने अपना गहरा प्रभाव जमा लिया है | इसीलिए Allopathy के बाद आयुर्वेद के आलावा होमियोपैथी का नाम ही आता है |

बहुत सी बीमारियों को दूर करने के लिए इसका नाम Allopathy से भी पहले लिया जाने लगा है | जैसे – एलर्जी, एक्जीमा, अस्थमा, माइग्रेन | इसके जनक जर्मन फिजिशियन Samuel Hahnemann है | जिन्होंने 1796 में इस पध्दति को खोजा और इसका नाम Homeopathy रखा |

Homeopathy in Hindi
Homeopathy in Hindi

Homeopathy Word Greek Word – Homo और Pathy से मिलकर बना है | जिसमे Homo का मतलब है Similar और Pathy का मतलब है Suffering | यानि कि Homeopathy समरूपता के सिध्दांत पर आधारित है | इसमें दवाएं उससे मिलते जुलते रोग दूर कर सकती है | जिन्हें वो पैदा कर सकती है |

इसे इस तरीके से भी समझा जा सकता है | कि Homeopathy का सरल अर्थ है दवा की ऐसी कम खुराक से किसी बीमारी का इलाज करना जो अगर स्वस्थ लोगों द्वारा ली जाये तो उनमे उस बीमारी के लक्षण पैदा करने में सक्षम हो |

Homeopathy में इलाज कैसे किया जाता है ?

इसमें दवाओं का Experiment Animals पर नही किया जाता है | बल्कि Direct इंसानों पर ही Test किया जाता है | इसमें हर तरह की बीमारी का इलाज किया जाता है | पर Allopathy की तरह तुरंत राहत तो नही मिलती लेकिन बीमारी को दबाने के वजाय उसे जड़ से मिटने का काम ये चिकित्सा बखूबी करती है |

इसमें इलाज सुरु करने से पहले Patient की पूरी History पता की जाती है | और उसकी Physical, Mental, Emotional और Spiritual Condition को अच्छे से समझ लेने के बाद ही Treatment को सुरु किया जाता है | जिसमे Patient क्या सोचता है | किस तरीके के सपने देखता है | और उसे किन चीजों से डर लगता है | इस तरह की सारी जानकारी ली जाती है | Exactly कभी कभी Family History भी जानी जाती है कि उनकी Family में कौन कौन सी बीमारी थी किसका क्या behaviour था |

ये सारी चीजें इसके Treatment में मदद करती है | इन दवाओं में कुछ मात्रा में एल्कोहल का इस्तेमाल किया जाता है | इसमें Minimum dose देकर के इलाज करने की कोशिश की जाती है | इसमें दवा देने के बहुत से अलग अलग तरीके होते है | जैसे कुछ दवाओं को सुघांकर के दिया जाता है |

जिस व्यक्ति के नाक में गांठ जैसी problem होती है उसे दवा को सुंघाया जाता है | और किसी बीमारी में Liquid की उचित डोज देकर उसको ठीक किया जाता है | और बहुत ही बीमारी में Liquid को मीठी गोली में डुबोकर दिया जनता है ताकि दवा की Limited मात्रा आसानी से ली जा सके |

Homeopathy के Pros और Cons क्या क्या है ?

Pros of Homeopathy :

इसके Benefits काफी सारे है | जैसे कि होमियोपैथी दवाई Safe होती है और इनके Side Effect ना के बराबर होते है | इसका Reason यह है कि इन दवाओं में कोई Chemicals Reactions नही होता बल्कि ये दवाएं केवल शरीर के Immune System को Active करने का काम करती है |

इन दवाओं को लेने से immunity पर कोई Negative Impact नही पड़ता है | न दवाओं को हर उम्र के लोगों को आसानी से दिया जा सकता है | फिर चाहे छोटे बच्चे हो या Pregnant Lady या फिर Senior Citizens |

Homeopathy in Hindi
Homeopathy in Hindi

इन दवाओं से Acute or Chronic दोनों तरह की बीमारी का Treatment किया जाता है | Acute Decease में अचानक होने वाली बीमारी आती है जैसे – खांसी, बुखार | और Chronic Decease यानि कि लम्बे समय से चल रही बीमारी आती है जैसे की अस्थमा और टीबी | इसके आलावा एलर्जिक Problem भी यह medicine काफी अच्छे तरह से असर करती है |

ये दवाएं ज्यादातर मीठी होती है इसीलिए इसे लेना बहुत ही Easy हो जाता है | खासकरके बच्चों के लिए | होमियोपैथी दवाये लेने से शरीर में इनके प्रति निर्भरता विकसित नही होती है यानि हमारे शरीर को इन दवाओं की आदत नही पडती है | ये दवाये बहुत से Allopathic दवाओं और आयुर्वेदिक इलाज के Comparison में सस्ती भी होती है |

होम्योपैथी के बारे में कुछ खास बातें :

इस चिकित्सा पध्दति की खासियत ये है कि Human Body को एक लिमिट मांगती है और उसी आधार पर Treatment करती है | इसीलिए हमे शरीर के अलग अलग पार्ट्स का इलाज करवाने के लिए अलग अलग Experts के पास जाने के जरूरत नही पडती है | जैसे कि Allopathy में होता है यहाँ पर बल्कि एक ही डॉक्टर हर तरह की तकलीफ का इलाज कर सकता है |

इसकी एक खासियत है कि इसमें बहुत सी अलग अलग बीमारी में कोई अलग अलग दवा नही दी जाती है | बल्कि सारी बीमारी के लिए एक ही दवा तैयार करके दी जाती है | ऐसा होने पर Patient के लिए दवा लेना काफी ज्यादा आसान हो भी जाता है |

Cons or Homeopathy :

इसमें Allopathy जितनी तेजी से राहत नही मिल पाती है | होम्योपैथी Patient अगर पहले अपने बारे में पूरी जानकारी सही ना दे जैसे कि अपना Nature, Habits, Decease, History तो हो सकता है Treatment पूरी तरीके से Successful ना हो पाए | फिर उसमे बहुत ज्यादा Time लगे इस चिकित्सा पध्दति में Allopathy इ तरह बहुत तेजी से Experiment नहीं हो पाते है |

इसीलिए इसका Area Allopathy जितना Wide नही है | Emergency Case जैसे कि Accident और Heart Attack  जैसी Situations में होम्योपैथी Successful नही हो सकती |

होम्योपैथी के बारे में एक Doubt है जिसे Clear करना बहुत जरूरी है कि इसका इलाज बहुत Slow होता है | जबकि ये पूरा सच नही है | इस Treatment में ज्यादा Time केवल उन्ही बीमारियों को दूर करने में लगता है जोकि बहुत पुरानी हो | या फिर बहुत Serious हो वरना जुखाम, खांसी, बुखार, जैसी बीमारियों में होम्योपैथी भी जल्दी से Relief दिला देती है |

Conclusion :

दोस्तों हम आशा करते है कि अब आपको Homeopathy in Hindi और इससे जुडी सभी बातो की जानकारी हो गयी होगी | अगर आप इसके बारे में और जानना चाहते है तो आप हमसे comment box में बता सकते है |

Also Read : Boxing कैसे सीखें ? | Boxer कैसे बने पूरी जानकारी ?

Dheeru Rajpoot

I am Dheeru Rajpoot an Entrepreneur and a Professional Blogger from the city of love and passion Kanpur Utter Pradesh the Heart of India. By Profession I'm a Blogger, Student, Computer Expert, SEO Optimizer. Google Adsense I have deep knowledge and am interested in following Services. CEO - Dheeru Blog ( Dheeru Rajpoot )

This Post Has 4 Comments

Leave a Reply